सिविल सेवा परीक्षा हेतु एक प्रभावी तैयारी के लिए पर्याप्त समयावधि क्या है?

हाल के दिनों में सिविल सेवा परीक्षा काफी बदल गई है और जिस तरह से उम्मीदवार इस ओर देखते हैं उसमें भी नाटकीय रूप से बदलाव आया है।

कुछ समय पहले सटीक तैयारी के लिए लगभग 1 साल से 3 वर्ष की समयावधि रख उम्मीदवार तैयारी किया करते थे वहीं आज एक बड़ा वर्ग तैयारी के लिए न्यूनतम एक से डेढ़ वर्ष का समयावधि रख तैयारी शुरू करता है।

ऐसा क्या बदल गया?

इस परीक्षा के आस-पास बहुत सी जागरूकता के साथ-साथ सफल उम्मीदवारों की सलाह तथा विश्वसनीय कोचिंग संस्थानों से तैयारी संबंधी दृष्टिकोण के साथ अपना गेम-प्लान बनाना आपेक्षाकृत आसान हो चला है और विभिन्न स्तर पर मार्गदर्शन की उपलब्धता से तैयारी-योजना का प्रबंधन करना आसान हो चला है।

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जब आप एक प्रभावी तैयारी के लिए आवश्यक उचित समयावधि निर्धारित करने के बारे में खोज कर रहे हैं, स्मरण रखने योग्य पहली और एक महत्वपूर्ण बात यह है कि इस लंबी चयन प्रक्रिया में सफल होने के लिए और यहां अपने प्रयासों को जीवन्त बनाये रखने के लिए, प्रतिभा के अलावा आपको दृढ़ संकल्प और प्रतिबद्धता की आवश्यकता है।

प्रत्येक उम्मीदवार दूसरे उम्मीदवार से अलग होता है और यहाँ इस परीक्षा की तैयारी करने के लिए आपको न्यूनतम कितने समय की आवश्यकता है यह आपकी शैक्षिक पृष्ठभूमि, वातावरण और आपकी क्षमताओं आदि कई कारकों पर निर्भर करता है जो यह निर्धारित करते हैं कि परीक्षा के मानकों के समकक्ष तैयारी में कितना समय लग सकता है।

यह तैयारी आपकी है और परीक्षा में आपको ही प्रदर्शन करना हैं

परीक्षा की अवधारणा के बारे में जानकारी व समझ, इसके प्रति आपका दृष्टिकोण, कड़ी मेहनत, प्रतिबद्धता, दिशा और आपकी सीखने की गति और पाठ्य-सामग्री को अच्छे तरीके से अवशोषित करने में कितना सक्षम हैं, ये सभी पहलू तैयारी के लिए योजना बनाने में बहुत योगदान करते हैं।

किसी भी समय यदि आप कहीं अटक जाते हैं, तो उन लोगों तक पहुंचने में संकोच न करें जिन्हें आप भरोसा करते हैं, यह आपके शिक्षकों, दोस्तों, अपने वरिष्ठ उम्मीदीवारों व सहपाठियों में से कोई भी हो सकता है. ऐसे समय में मूल्यवान प्रतिक्रिया प्राप्त करने के लिए और समय पर सलाह आपको समझने में मदद करेगी कि आगे बढ़ने में आपको क्या रोक रहा है।

पर्याप्त समयावधि की आवश्यकता का अनुमान

यह देखा गया है कि जो उम्मीदवार परीक्षा आवश्यकताओं को समझने के लिए तत्पर हैं और असाधारण क्षमता रखते हैं, ऐसे उम्मीदवारों को तैयारी करने के लिए कम-से-कम 6-12 महीने का समय लगता ही है।

वैकल्पिक विषय के रूप में उस विषय को चुनना जो स्नातक स्तर में और यहां तक ​​कि उच्च शिक्षा में पढ़ा गया है, तैयारी संबंधी ज़रूरतों को प्रबंधित करने में मदद करता है।

कई इंजीनियरिंग/मेडिकल पृष्ठभूमि के उम्मीदवार कभी-कभी क्रॉस-डोमेन शिफ्ट करते हैं और स्वयं के विषय को छोड़कर एक नया विषय चुनते हैं।

कुछ नये उम्मीदवार रणनीति के हिस्से के रूप में वैकल्पिक विषय ऐसा चुनते हैं जो उनके लिए नया है तो 6 महीने का अतिरिक्त समय रख तैयारी की योजना बनायें।

एक प्रभावी तैयारी के लिए सुरक्षित रूप से लगभग 12 से 18 महीने की अवधि रखना हितकर रहेगा और सामान्य अध्ययन पाठ्यक्रम के साथ-साथ वैकल्पिक विषय से परिचित होने के लिए अवधि पर्याप्त रहनी चाहिये।

ऐसे उम्मीदवार जो परीक्षा आवश्यकताओं के बारे में ज्यादा नहीं जानते, हिंदी और स्थानीय भाषाओं के और ग्रामीण पृष्ठभूमि उम्मीदवार जो अपनी भाषा में अध्ययन-सामग्री का आभाव पाते हैं और चुनौतियो का सामना कर अंग्रेजी भाषा की पुस्तकों व पाठ्य-सामग्री से अनुवाद कर अपने नोट्स खुद बनाते हैं, उन लोगों को तैयारी करने में थोड़ा अधिक समय लगता है पर परीक्षा का आत्मविश्वास से सामना करने के लिए इसका कोई विकल्प नहीं।

तो, एक सामान्य उम्मीदवार के लिए, तैयारी के लिए लगभग एक से तीन वर्ष की अवधि की आवश्यकता तो होती ही है।

मेरा आपसे निवेदन है कि सम्पूर्ण पाठ्यक्रम (प्रारम्भिक+मुख्य परीक्षा) की तैयारी और मानसिक रूप से तैयार होने पर ही अपना पहला प्रयास लेने के बारे में सोचें और उच्च सफलता की आशा रखें. अधूरी तैयारी या केवल परीक्षा के मानक समझने के लिए प्रयास व्यर्थ करना उचित रणनीति नहीं।

तैयारी शुरू करें और निरन्तर जारी रखें

जो युवा सिविल सेवाओं में कैरियर खोज़ रहे हैं उनके लिए, भविष्य के कैरियर-जीवन के बारे में सबसे अच्छी रणनीति 10 + 2 स्तर से ही योजना बनाना है।

टीना डाबी (रैंक 1; सिविल सेवा परीक्षा 2015) ने युवाओं के बीच एक उत्कृष्ट उदाहरण स्थापित किया है और समय रहते लक्ष्य की ओर ध्यान केंद्रित करने से उन्हें सपनों का एहसास करने में मदद मिली।

क्या करें ?

आपको आधारभूत पुस्तकों के साथ शुरूआत करनी चाहिए और छोटे-छोट् कदमों के साथ धीरे-धीरे आगे बढ़ना चाहिए।

सिविल सेवा परीक्षा तैयारी के लिए एक और चीज अत्यंत आवश्यक है - दैनिक समाचार-पत्र पढ़ने की आदत।

इस दीर्घ-कालिन योजना के तहत आप स्नातक के दौरान अपना विषय चुन सकते हैं और दूसरों पर प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त बना सकते हैं।

तैयारी में स्थिरता बनाए रखें; लेकिन, बहुत ज्यादा तनाव न लें ताकि किसी भी समय तैयारी बोझ न लगने लगे।

परीक्षा का पैटर्न आपको परीक्षा आवश्यकताओं के बारे में मार्गदर्शन करता है और पिछले वर्षों की प्रारंभिक और मुख्य परीक्षा के प्रश्न-पत्रों पर एक नज़र यह आकलन करने में आपकी सहायता करता है कि आप कहां खड़े हैं और आपको कितना कवर करना है।

समय-समय पर आपके पास उपलब्ध संसाधनों का जायजा लेते रहे और अपनी आवश्यकताओं के आधार पर विषयों को प्राथमिकता दें।

बिलकुल न डरें; शुरूआत करें और धीरे-धीरे आपको अपने आप पता चल जाएगा कि केवल 'सिविल सर्विसेज' का आकर्षण ही आपको इस लंबी तैयारी अवधि में उत्साहित रखने और दिल लगा मेहनत करने में लगाएगे रखने के लिए काफी है।

Last Update Sunday 7th October 2018     

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