सिविल सेवा परीक्षा 'आप' के बारे में है; जी हाँ, साहस का परिचय दें और तैयारी में जुट जायें, आर्टिका शुक्ला (रेंक 4; सी.एस.ई. 2015)

एक डॉक्टर आर्टिका शुक्ला ने सिविल सेवा परीक्षा 2015 में शानदार सफलता अर्जित कर मैरिट-लिस्ट में चौथा स्थान प्राप्त किया है. उनकी सफलता का मूलमंत्र है - "सिविल सेवा परीक्षा में सफलता के लिए परीक्षा-योजना के बारे में समझ और इसमें शामिल जटिलताओं के बारे में स्पष्टता सबसे अधिक मदद करती है."

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डॉ. आर्टिका शुक्ला ने अपने पहले ही प्रयास में सिविल सेवा परीक्षा में शानदार सफलता प्राप्त की है और योग्यता-सूची में चौथा रैंक हासिल किया है.

अपनी इस उपलब्धि पर विचार साझा करते हुए आर्टिका ने कहा, "जब मैं अपने भविष्य के बारे में विचार कर रहाी थी, मेरे मन में वहाँ बहुत सी बातें थीं और तथ्य तो यह है कि मैं डॉक्टर बनने के अपने रास्ते पर अच्छी तरह चल रही थी."

"एक चिकित्सक केवल एक निश्चित सीमा तक समाज के लिए कार्य कर सकते हैं; लेकिन, भारतीय प्रशासनिक सेवा में आने के साथ आप समाज के प्रति बहुत अधिक योगदान कर सकते हैं. और अंत में, मैंने इस परीक्षा में शामिल होने का मन बना ही लिया."

पहले ही प्रयास में उत्पन्न रचनात्मक परिणाम से प्रसन्न आर्टिका ने कहा, "यह एक सुखद आश्चर्य है और शुरू में यह रैंक देख विश्वास करना मुश्किल था. मैंने अच्छी तरह से तैयारी की और मेरा यह एक सभ्य प्रयास था; लेकिन, रैंक 4 ने वास्तव में हमें आनंदित महसूस कराया है."

मैं जानती थी कि मैं एक बड़ा जोखिम ले रही हूँ; लेकिन, मैं भाग्यशाली हूँ कि मेरे भाई उत्सव शुक्ला (सी.एस.ई. 2012 में IRTS पद पर चयनित) ने मेरे गुरु के रूप में जो मेरी मदद की इससे परीक्षा को समझना और तैयारी करना आसान हो गया.

सही पुस्तकों-पत्रिकाओं के चयन से ले कर अध्ययन-सामग्री को व्यवस्थित करना, क्या पढ़ना है और क्या छोड़ना है, कहाँ से पढ़ना है, यहाँ तक कि उत्तर-लेखन और तैयारी के प्रति दृष्टिकोण हर जगह वह मेरे साथ रहे और एक स्तंभ की तरह मेरी मदद की.

एन.सी.ई.आर.टी. की पुस्तकों, कुछ मानक पाठ्य-पुस्तकों और दैनिक समाचार पत्र पढ़ने का एक मिश्रण है जो मेरे लिए काम कर गया.

वैकल्पिक विषय में मेरे प्रदर्शन ने भी मुझे अच्छी तरह से मुख्य परीक्षा (लिखित) में अच्छे अंक प्रप्त करने में मदद की और मेरे लिये उच्च रैंक सुनिश्चित की.

मैंने स्वयं-सहायता के साथ इस परीक्षा की तैयारी की और केवल अपनी तैयारियों का मूल्यांकन करने के लिए 'परीक्षण-श्रृंखला' हेतु बाहर से मदद पर निर्भर रही.

आर्टिका ने कहा, "मुझे लगता है कि यह परीक्षा 'आप' के बारे में  है और अगर आप इस परीक्षा में शामिल होने का निर्णय लेने के लिए तैयार हैं, तो आप इसके प्रति पूरी ऊर्जा समर्पित करनी चाहिए.

केवल मैं जानती हूँ या मेरा परिवार कि पूरा एक वर्ष कितना गहन मैं अपने अध्ययन-योजना में लगी रही और यदि परिणाम सुखद है तो हमेशा प्रयास संतोषजनक लगता है."

जब मैंने उनसे 'सफलता-मंत्र' जानना चाहा तो आर्टिका ने स्वीकार किया कि "इस परीक्षा-योजना की समझ और परीक्षा में शामिल जटिलताओं के बारे में स्पष्टता ने मुझे यह उपलब्धि हासिल करने में मदद की"

"एक बार जब आप हाथ में तैयारी की एक स्पष्ट रणनीति हो तो सभी जटिलताएँ और आशंकाएँ गायब हो जाती हैं", उन्होंने कहा.

On Sunday 18th December 2016     

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